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गर्मी में बार-बार प्यास लगने का कारण, दे सकती इस गंभीर बीमारी का संकेत

गर्मी के मौसम में शरीर को हाइड्रेड रखने के लिए पानी पीना जरूरी है। इससे आप लू लगने, डिहाइड्रेशन आदि समस्याओं से बचे रहते हैं। पर कुछ लोगों को सर्दी हो या गर्मी बहुत जल्दी-जल्दी और अधिक प्यास लगती है। पर्याप्त पानी पीने के बावजूद जल्दी-जल्दी प्यास लगने के कई कारण हो सकते हैं। आमतौर पर प्यास तभी लगती है, जब शरीर में पानी का स्तर नीचे चला जाता है मगर कई अन्य कारणों से भी जल्दी-जल्दी प्यास लग सकती है। जानें, बार-बार प्यास लगने की उन वजहों को-

नमक अधिक खाना

कुछ लोग खाने में तेज नमक खाना पसंद करते हैं। कई बार ऐसे लोग ऊपर से भी नमक डाल लेते हैं। नमक प्यास को बढ़ाता है। इसकी वजह ये है कि नमक कोशिकाओं से पानी को बाहर निकालता है। ऐसे में अगर आप ज्यादा नमक खाते हैं, तो आपकी कोशिकाएं मस्तिष्क को जल्दी-जल्दी प्यास लगने का संकेत भेजने लगती हैं। एक दिन में 4-5 ग्राम से ज्यादा नमक का सेवन ना करें। अधिक नमक के सेवन से आपको हाई ब्लड प्रेशर, डिहाइड्रेशन जैसी अन्य समस्याएं भी हो सकती हैं।

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कहीं डायबिटीज तो नहीं

डायबिटीज के शुरुआती लक्षणों में ज्यादा प्यास लगना भी शामिल है। आमतौर, पर डायबिटीज या प्रीडायबिटीज में ज्यादा प्यास लगने के साथ-साथ ज्यादा पेशाब लगना और धुंधला दिखने की समस्याएं होती हैं।

दौड़ने से भी लगती है प्यास

सुबह दौड़ने से भी प्यास अधिक लगती है। दौड़ने के कारण शरीर को ज्यादा पानी की जरूरत होती है। दौड़ने या एक्सरसाइज करने के समय शरीर का बहुत सारा पानी पसीने के रूप में बाहर निकलता है, जिससे शरीर में पानी की कमी हो जाती है। अगर आप रोजाना दौड़ते हैं, तो आपको दिनभर जल्दी-जल्दी प्यास लग सकती है।

दवाओं का सेवन

कई बार दवाओं का अधिक सेवन भी प्यास को बढ़ाता है। कुछ दवाओं के सेवन से मुंह ज्यादा सूखता है। एंटीकॉलिनर्जिक्स और ड्यूरेटिक्स ऐसी ही दवाएं हैं, जिनके सेवन से प्यास ज्यादा लगने लगती है।

ड्राई माउथ

ड्राई माउथ यानी मुंह सूखने की समस्या को ”जेरोस्टोमिया” कहते हैं। ये एक तरह की स्वास्थ्य समस्या है, जिसमें स्लैवरी ग्लैंड्स पर्याप्त लार नहीं बना पाती हैं, जिससे हर समय प्यास का एहसास होता है। पानी पीने के बाद भी मुंह हर समय सूखा रहता है, तो डॉक्टर से मिलें।

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